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भारत और वियतनाम ने उभरती एवं महत्त्वपूर्ण प्रौद्योगिकियों में सहयोग को नई गति दी

  • स्रोत - प्रेस सूचना ब्यूरो
भारत और वियतनाम ने उभरती एवं महत्त्वपूर्ण प्रौद्योगिकियों में सहयोग को नई गति दी

भारत और वियतनाम ने अपनी उन्नत व्यापक रणनीतिक साझेदारी के अंतर्गत महत्त्वपूर्ण एवं उभरती प्रौद्योगिकियों के क्षेत्र में सहयोग को और सुदृढ़ बनाने की प्रतिबद्धता दोहराई है। दोनों देशों ने आर्थिक विकास और सतत प्रगति में डिजिटल नवाचार की परिवर्तनकारी भूमिका को रेखांकित करते हुए प्रौद्योगिकी के विविध क्षेत्रों में सहयोग का दायरा विस्तृत करने पर सहमति व्यक्त की।

इस दिशा में एक महत्त्वपूर्ण पहल के रूप में भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) और स्टेट बैंक ऑफ वियतनाम के बीच वित्तीय नवाचार एवं डिजिटल भुगतान के क्षेत्र में एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए। इस समझौते के तहत क्यूआर कोड आधारित खुदरा भुगतान प्रणालियों को परस्पर जोड़ने की दिशा में कार्य किया जाएगा, जिससे दोनों देशों के बीच पर्यटन और व्यावसायिक लेनदेन अधिक सरल एवं सुगम बन सकेंगे।

भारत और वियतनाम ने डिजिटल सार्वजनिक अवसंरचना (डीपीआई), 6जी संचार, कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई), अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी, परमाणु प्रौद्योगिकी, समुद्री विज्ञान, जैव प्रौद्योगिकी, औषधि निर्माण, उन्नत सामग्री तथा महत्त्वपूर्ण खनिजों जैसे क्षेत्रों में सहयोग को और गहरा करने पर सहमति व्यक्त की। इस सहयोग के अंतर्गत संयुक्त अनुसंधान परियोजनाएँ, अनुसंधान एवं विकास केंद्रों की स्थापना, प्रौद्योगिकी विकास तथा नवाचार आधारित साझेदारियों को बढ़ावा दिया जाएगा।

दोनों देशों ने जलवायु परिवर्तन से निपटने तथा सतत विकास के लिए डिजिटल एवं उन्नत प्रौद्योगिकियों के उपयोग को बढ़ावा देने पर भी सहमति व्यक्त की। सहयोग के प्रमुख क्षेत्रों में स्वच्छ एवं नवीकरणीय ऊर्जा, जलवायु-अनुकूल प्रौद्योगिकियाँ, स्मार्ट कृषि, सतत जल प्रबंधन, आपदा सहनशीलता तथा वायु प्रदूषण नियंत्रण शामिल हैं।

अंतरिक्ष क्षेत्र में दोनों पक्षों ने वियतनाम में आसियान-भारत ट्रैकिंग, डेटा रिसेप्शन एवं प्रोसेसिंग सुविधा की स्थापना की दिशा में हुई प्रगति का स्वागत किया। यह सुविधा क्षेत्रीय अंतरिक्ष सेवाओं और वैज्ञानिक सहयोग को सुदृढ़ बनाने में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

दोनों देशों के नेताओं ने आईआरईएल (इंडिया) लिमिटेड तथा वियतनाम के इंस्टीट्यूट फॉर टेक्नोलॉजी ऑफ रेडियोएक्टिव एंड रेयर एलिमेंट्स के बीच दुर्लभ मृदा तत्वों एवं महत्त्वपूर्ण खनिजों के क्षेत्र में हुए नए समझौते का भी स्वागत किया। यह साझेदारी लचीली आपूर्ति शृंखलाओं के निर्माण तथा उन्नत प्रौद्योगिकी आधारित विनिर्माण को बढ़ावा देने में सहायक होगी।

इन पहलों के माध्यम से भारत और वियतनाम ने नवाचार, डिजिटल परिवर्तन, आर्थिक विकास एवं सतत प्रगति को गति देने के साथ-साथ हिंद-प्रशांत क्षेत्र में अपनी रणनीतिक साझेदारी को और सशक्त बनाने की दिशा में एक मजबूत प्रौद्योगिकी सहयोग की आधारशिला रखी है।