डिजिटल गवर्नेंस की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए उत्तराखंड के माननीय मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने राजस्व परिषद, उत्तराखंड की छह नागरिक-केंद्रित ऑनलाइन एप्लीकेशनों का शुभारंभ किया। नेशनल इन्फॉर्मेटिक्स सेंटर (एनआईसी), उत्तराखंड द्वारा विकसित इन एप्लीकेशनों का उद्देश्य नागरिकों को प्रमुख राजस्व सेवाएँ पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से ऑनलाइन उपलब्ध कराना है।
इस अवसर पर उत्तराखंड के मुख्य सचिव, राजस्व परिषद के वरिष्ठ अधिकारी, एनआईसी के वरिष्ठ अधिकारी, तथा आईटीडीए और सर्ट-इन के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। राज्य के सभी जिला मुख्यालयों से जिलाधिकारी, मंडलायुक्त तथा विभिन्न तहसीलों के अधिकारी भी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से कार्यक्रम में शामिल हुए।
इन नई डिजिटल सेवाओं के माध्यम से नागरिक अब भूमि अभिलेख, कैडस्ट्रल मानचित्र, भूमि हिस्सेदारी संबंधी जानकारी, भूमि उपयोग अनुमति, कृषि ऋण प्रक्रिया तथा राजस्व वसूली प्रबंधन जैसी सेवाएँ ऑनलाइन प्राप्त कर सकेंगे। इन एप्लीकेशनों का उद्देश्य प्रक्रियाओं को सरल बनाना, सरकारी कार्यालयों में व्यक्तिगत रूप से जाने की आवश्यकता को कम करना और राजस्व प्रशासन की कार्यक्षमता को बढ़ाना है।
अधिकारियों के अनुसार, यह पहल राज्य में पारदर्शी, नागरिक-अनुकूल और प्रौद्योगिकी-आधारित शासन को सुदृढ़ करेगी तथा राजस्व सेवाओं की उपलब्धता और दक्षता में महत्वपूर्ण सुधार लाएगी।

